ब्रेकिंग न्यूज | सहजनवां, गोरखपुर ...दशहरे की रात दुकान में तोड़फोड़

🚨 *ब्रेकिंग न्यूज | सहजनवां, गोरखपुर दशहरे की रात दुकान में तोड़फोड़ का आरोप, छह लोगों पर मारपीट और जान से मारने की धमकी देने का आरोप दुकान में घुसकर तोड़फोड़, सामान सड़क पर फेंकने का आरोप—पीड़ित ने थाने में दी तहरीर सहजनवा गोरखपुर के सहजनवां थाना क्षेत्र से इस वक्त की बड़ी खबर सामने आ रही है। दशहरे की रात एक दुकान में घुसकर तोड़फोड़, सामान सड़क पर फेंकने और दुकानदार के साथ मारपीट किए जाने का आरोप लगा है। पीड़ित दुकानदार ने सहजनवां थाने में लिखित शिकायत देकर आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की है। शिकायत में एक वाहन में सवार करीब छह लोगों पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं। मामला सहजनवां थाना क्षेत्र के पिपरा चौराहे का बताया जा रहा है। पुलिस को दी गई तहरीर के मुताबिक, रवीन्द्र गुप्ता पुत्र अवधेश कुमार गुप्ता यहां ‘गुप्ता जलपान गृह’ के नाम से दुकान एवं फल की दुकान चलाते हैं। पीड़ित का आरोप है कि 20 अक्टूबर 2026 की रात करीब 10:30 बजे, दशहरे के दौरान भीड़-भाड़ के बीच एक काले रंग की थार गाड़ी संख्या UP53 FP 5744 से करीब छह लोग दुकान पर पहुंचे। तहरीर में आरोप लगाया गया है कि वाहन सवार लोगों ने दुकान पर पहुंचकर गाली-गलौज और दबंगई शुरू कर दी। दुकानदार द्वारा विरोध करने पर कथित रूप से उसकी दुकान में तोड़फोड़ की गई और मिठाई समेत अन्य सामान सड़क पर फेंक दिया गया। पीड़ित का कहना है कि इस घटना से उसे आर्थिक नुकसान हुआ। आरोप है कि जब उसने इसका विरोध किया तो कुछ लोगों ने अवैध असलहा और पिस्टल-चाकू दिखाकर जान से मारने की धमकी दी शिकायतकर्ता के मुताबिक, आरोपियों ने कथित तौर पर यह भी कहा कि वे अभी जेल से छूटकर आए हैं और उन्हें कोई जानता नहीं है। इसके बाद मारपीट किए जाने का आरोप भी लगाया गया। पीड़ित ने अपनी जान बचाने के लिए वहां से भागकर अपनी जान बचाने की बात तहरीर में कही है। घटना के दौरान मौजूद लोगों द्वारा पूरे घटनाक्रम को देखे जाने और कथित वाहन का नंबर नोट किए जाने का भी उल्लेख शिकायत में किया गया है। घटना के बाद 21 अक्टूबर 2026 को रवीन्द्र गुप्ता ने सहजनवां थानाध्यक्ष को लिखित तहरीर देकर मामले में कार्रवाई की मांग की है। *अब बड़ा सवाल यह है कि* क्या दुकान में वास्तव में तोड़फोड़ हुई? क्या सीसीटीवी कैमरे में पूरी घटना कैद हुई है? क्या पुलिस वाहन नंबर के आधार पर आरोपियों तक पहुंचेगी? और सबसे अहम—क्या शिकायत में लगाए गए असलहा दिखाकर धमकी देने के आरोपों की भी जांच होगी? दशहरे की रात हुई इस कथित घटना के बाद दुकानदार ने अपनी सुरक्षा को लेकर भी चिंता जताई है। फिलहाल शिकायत पुलिस के सामने है। अब निगाहें पुलिस की जांच और कार्रवाई पर टिकी हैं। जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि शिकायत में लगाए गए आरोपों में कितनी सच्चाई है और घटना के लिए जिम्मेदार कौन है।”